कुशीनगर : शिक्षक कृष्णमोहन सिंह की आत्महत्या पर फूटा जनाक्रोश, भाजपा नेता नीरज सिंह ‘बिट्टू’ के नेतृत्व में निकला कैंडल मार्च।
रिपोर्ट – धनंजय कुमार पाण्डेय, कुशीनगर, उत्तर प्रदेश
∆ बेसिक शिक्षा अधिकारी देवरिया पर प्रताड़ना का आरोप, न्याय की उठी मांग!
∆ हरैया बुजुर्ग से बाबा बालखंडी स्थान तक निकाला गया कैंडल मार्च!
∆ सैकड़ों ग्रामीणों व शिक्षकों ने दी श्रद्धांजलि, दोषियों पर हत्त्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग तेज!
∆ मृतक शिक्षक के परिजनों को न्याय दिलाने का संकल्प, भाजपा नेता नीरज सिंह ‘बिट्टू’ ने प्रशासन को चेताया!
∆ शिक्षक संगठनों में आक्रोश, कार्रवाई न होने पर आंदोलन की दी चेतावनी!

हरैया/बलखंडी स्थान : कुशीनगर
देवरिया जनपद के बेसिक शिक्षा अधिकारी पर स्वर्गीय शिक्षक कृष्णमोहन सिंह को कथित रूप से प्रताड़ित कर आत्महत्या के लिए मजबूर करने के गंभीर आरोपों के बीच क्षेत्र में आक्रोश गहराता जा रहा है। इसी क्रम में आज दिनांक 24 फरवरी 2026 को भाजपा नेता नीरज सिंह “बिट्टू” के नेतृत्व में ग्राम हरैया बुजुर्ग स्थित मृतक शिक्षक के आवास से बाबा बालखंडी स्थान तक कैंडल मार्च निकाला गया।
कैंडल मार्च में बड़ी संख्या में शिक्षक, जनप्रतिनिधि व क्षेत्रीय नागरिक शामिल हुए। उपस्थित लोगों ने मोमबत्तियां जलाकर स्व. कृष्णमोहन सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की। मार्च के दौरान “शिक्षक को न्याय दो” और “दोषियों को सजा दो” जैसे नारों से वातावरण गूंज उठा।
इस दौरान शिक्षक श्री गिरजेश सिंह, राजकुमार शिक्षक, धर्मेंद्र शिक्षक, जितेंद्र सिंह शिक्षक, अजय चौधरी, अजय सिंह, अवधेश सिंह, अजय सिंह इंजीनियर, विनय कुमार सिंह इंजीनियर, पूर्व जिला पंचायत सदस्य रामनारायण यादव, छोटू मिश्रा, मुखलाल प्रसाद, अनिल शर्मा, राहुल सिंह, भाजपा नेता गोलू सिंह, संजीव कुमार शर्मा, चंदन सिंह, मुन्ना सिंह, रामानंद चौधरी, रामदुलार चौधरी सहित मृतक के भाई अजय सिंह, विकास कुशवाहा, सूरज सिंह (प्रधान प्रतिनिधि), अवनीश सिंह (प्रधान प्रतिनिधि), अभिनव मिश्रा, राम लखन चौधरी समेत सैकड़ों की संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।
नेतृत्व कर रहे भाजपा नेता नीरज सिंह “बिट्टू” ने कहा कि एक शिक्षक समाज का मार्गदर्शक होता है। यदि शिक्षा विभाग के अधिकारी ही प्रताड़ना का कारण बनें तो यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र न्याय नहीं मिला तो व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
कैंडल मार्च शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ, लेकिन लोगों के आक्रोश और दुख ने स्पष्ट संकेत दे दिया है कि क्षेत्र की जनता इस मामले में न्याय मिलने तक चुप बैठने वाली नहीं है।