मुरादाबाद : दीवान शुगर मिल में मौत का मंजर: मशीन में फंसा कामगार, 6 घंटे बाद परिजनों को दी गई सूचना।
धनंजय कुमार पाण्डेय, व्यूरो चीफ, उत्तर प्रदेश
∆ मशीन नहीं रोकी गई, जान चली गई! – साथी ने रोका, प्रबंधन ने नहीं सुना, चेन बेल्ट में फंसकर अरविंद की मौत।
∆ 6 घंटे तक चलती रही मशीन! – परिजनों का आरोप, हादसे के घंटों बाद दी गई सूचना।
∆ मिल में पहले भी हो चुके हैं हादसे? – हर बार समझौते के दबाव में दबा दिया गया मामला, परिवार का दावा।
∆ सीसीटीवी नहीं, सुरक्षा इंतजाम नदारद – जिस जगह हुआ हादसा, वहां नहीं लगा था कैमरा।
∆ जांच में जुटी पुलिस व फॉरेंसिक टीम – एसपी सिटी समेत तीन थानों की फोर्स मौके पर, सच्चाई की तलाश जारी।

मुरादाबाद। 11 फरवरी 2026
थाना सिविल लाइन क्षेत्र के अगवानपुर स्थित दीवान शुगर मिल में सोमवार देर रात एक दर्दनाक औद्योगिक हादसे में एक कामगार की मशीन में फंसकर मौत हो गई। मृतक की पहचान अरविंद के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजनों ने मिल प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार रात करीब 12 बजे अरविंद मिल परिसर में कार्यरत थे। इसी दौरान वह मेल बेल्ट की चेन में फंस गए। आरोप है कि उसी समय एक साथी कामगार ने मशीन को तत्काल रोकने की बात कही, लेकिन मिल के कुछ कर्मचारियों और स्टाफ ने मशीन नहीं रोकी। परिणामस्वरूप अरविंद की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।

परिजनों का आरोप है कि हादसे के बाद करीब छह घंटे तक मशीन लगातार चलती रही और किसी ने भी अरविंद की स्थिति पर ध्यान नहीं दिया। इतना ही नहीं, परिवार को भी घटना की सूचना काफी देर से दी गई। जब परिजनों को घटना की जानकारी मिली और वे मौके पर पहुंचे, तो उन्होंने मिल परिसर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस को सूचना दी गई। इसके बाद क्षेत्राधिकारी सिविल लाइंस, एसपी सिटी, फॉरेंसिक टीम तथा तीन थानों की पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए हैं।
मृतक के परिजनों ने मिल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इस मिल में पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन हर बार परिवारों पर दबाव बनाकर समझौता करा दिया जाता है और मामला दबा दिया जाता है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जिस स्थान पर हादसा हुआ, वहां कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा था, जिससे सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मिल के जीएम से इस संबंध में बातचीत की गई, लेकिन उन्होंने कैमरे पर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। हालांकि उन्होंने व्यवस्थाओं में कमी स्वीकार करते हुए भविष्य में सुधार का आश्वासन दिया।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि हादसा महज दुर्घटना थी या लापरवाही का परिणाम।
इस घटना के बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है।