पडरौना: बुद्धनाथ सरस्वती शिशु मंदिर एवं एम.डी.विद्या मंदिर में “एक वृक्ष गुरु के नाम” लगाकर “शिक्षक दिवस” कार्यक्रम का आयोजन संपन्न।

0
image_editor_output_image939821530-1757121963049.jpg
Spread the love

धनंजय कुमार पाण्डेय, व्यूरो चीफ, उत्तर प्रदेश

1. पडरौना में शिक्षक दिवस पर अनोखी पहल – “एक वृक्ष गुरु के नाम” कार्यक्रम सम्पन्न

2. बुद्धनाथ सरस्वती शिशु मंदिर व एम.डी. विद्या मंदिर ने शिक्षक दिवस को प्रकृति से जोड़ा

3. शिक्षक दिवस पर वृक्षारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

4. विद्यार्थियों ने शिक्षकों को किया सम्मानित, साथ ही लगाया हरित भविष्य का संकल्प

5. शिक्षक दिवस बना पर्यावरण दिवस – वृक्ष गुरु अभियान से जुड़ी नई प्रेरणा

पडरौना/कुशीनगर, 5 सितम्बर 2025
शिक्षक दिवस के पावन अवसर पर बुद्धनाथ सरस्वती शिशु मंदिर एवं एम. डी. विद्या मंदिर, दलबहादुर छपरा में विशेष कार्यक्रम “वृक्ष गुरु” के नाम से बड़े ही धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आम एवं मौलेसरी सहित विभिन्न प्रजातियों के वृक्षों का रोपण किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि वन क्षेत्राधिकारी पडरौना श्री अशोक कुमार यादव रहे। विशिष्ट अतिथियों में शैलेन्द्र कुमार सिंह (दरोगा, मिश्रौली चौकी), आलोक उपाध्याय, गौरव उपाध्याय सम्मिलित हुए। कार्यक्रम का सफल संचालन एवं संयोजन महेन्द्र दीक्षित एवं प्रवीण द्वारा किया गया।

इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य राजेन्द्र राय, भाजपा नेता शिवम् दीक्षित, समाजसेवी ईश्वर जायसवाल, दूधनाथ वर्मा, यतीन्द्र मिश्र, अमित तिवारी, वन दरोगा आकाश त्रिपाठी, तथा गणमान्य नागरिकों में संदीप पटेल, दिवाकर यादव, संजय सिंह, रोशन प्रसाद, मंजीत, चाँद, ज्योति, रोशनी यादव, रवि यादव, अंजली, गलीन अहमद आदि की गरिमामयी उपस्थिति रही।

अपने संबोधन में वन क्षेत्राधिकारी श्री अशोक कुमार यादव ने कहा –
“जिस प्रकार हम सभी उत्सवों एवं कार्यक्रमों में उत्साह के साथ वृक्षारोपण करते हैं, उसी जिम्मेदारी और समर्पण भाव से हमें वृक्षों की सुरक्षा एवं संरक्षण भी करना चाहिए। वृक्ष सिर्फ प्रकृति का सौंदर्य नहीं हैं, बल्कि मानव जीवन के लिए जीवनदायिनी शक्ति हैं।”

वहीं, वृक्ष मित्र महेन्द्र दीक्षित ने कहा –
“हम सबको अपने परिवार के प्रत्येक शुभ अवसर – चाहे जन्मदिन हो, शादी की सालगिरह हो या कोई अन्य पर्व – पर एक-एक वृक्ष अवश्य लगाना चाहिए। यही हमारे जीवन का सबसे बड़ा उपहार और पर्यावरण की रक्षा का संकल्प होगा।”

कार्यक्रम का समापन विद्यालय के बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों और सामूहिक वृक्षारोपण के साथ हुआ। बच्चों और शिक्षकों में इस पहल को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला।

इस प्रकार शिक्षक दिवस पर आयोजित “वृक्ष गुरु” कार्यक्रम ने जहां गुरुजनों के सम्मान की परंपरा को आगे बढ़ाया, वहीं पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी जन-जन तक पहुंचाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed